बागेश्वरः पांच दिन बाद मिला सरयू नदी में बहे मासूम का शव! परिजनों में मचा कोहराम, मां का रो-रोकर बुरा हाल! पूरे गांव में पसरा मातम
बागेश्वर। उत्तराखण्ड के बागेश्वर से एक दिल दहलाने वाली खबर सामने आई है। यहां कपकोट तहसील के शिवालय क्षेत्र में सरयू नदी की तेज धारा में बहे आठ वर्षीय मासूम राकेश सिंह का शव पांच दिन बाद शुक्रवार को बरामद कर लिया गया। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीम ने लगातार चलाए गए सर्च अभियान के दौरान असौं गांव के समीप कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय के सामने नदी से बालक का शव बरामद किया। शव मिलने की सूचना के बाद परिवार में एक बार फिर कोहराम मच गया। मासूम की मां का रो-रोकर बुरा हाल है। जानकारी के अनुसार, कपकोट तहसील के लाहुर गांव निवासी राकेश सिंह पुत्र नारायण सिंह 20 जुलाई को अपनी मां कमला देवी के साथ शिवालय स्थित शिव मंदिर आया था। बताया गया कि इसी दौरान पानी भरते समय वह अचानक सरयू नदी की तेज धारा में बह गया। घटना के बाद से ही बालक की तलाश के लिए बचाव दलों ने सर्च अभियान शुरू कर दिया था। परिवार के लोग भी लगातार उसके मिलने की उम्मीद लगाए हुए थे। शुक्रवार को संयुक्त बचाव टीम ने असौं गांव के पास नदी में खोजबीन के दौरान बालक का शव बरामद किया। शव की पहचान परिवार के सदस्यों ने की। बालक के ताऊ खीम सिंह ने शव मिलने की पुष्टि की। सूचना मिलते ही स्वजन में मातम छा गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरने की कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पांच दिनों तक चले अभियान में एनडीआरएफ के राजेंद्र रावत, टीका सिंह कार्की, नवीन कांडपाल, पंकज कुमार और नवीन गोस्वामी समेत पुलिस और अन्य बचाव दल के जवान लगातार खोजबीन में जुटे रहे। टीम ने नदी के आसपास के संभावित क्षेत्रों में व्यापक सर्च अभियान चलाया। उपजिलाधिकारी अनिल चन्याल ने बताया कि पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी होने के बाद शव स्वजन को सौंप दिया जाएगा। वहीं, विधायक सुरेश गढ़िया ने घटना पर गहरा दुख जताते हुए कहा कि दुख की इस घड़ी में सरकार और प्रशासन पीड़ित परिवार के साथ खड़े हैं। उन्होंने परिवार को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने का भरोसा भी दिलाया।