Oct 01, 2026 Login

एशियन गेम्स में भारत की गोल्डन हैट्रिक: एक ही दिन तीन स्वर्ण से चमका तिरंगा! नीरू-कायनन की जोड़ी ने शूटिंग में रचा इतिहास, भारत की झोली में 9 गोल्ड समेत 56 मेडल

India's golden hat-trick at the Asian Games: The Tricolour shines bright with three gold medals in a single day! The duo of Neeru and Kynan made history in shooting; India's tally reaches 56 medals,

नागोया। एशियन गेम्स 2026 में 30 सितंबर का दिन भारतीय खेल प्रेमियों के लिए यादगार बन गया। भारत ने बुधवार को एक के बाद एक तीन स्वर्ण पदक अपने नाम कर शानदार प्रदर्शन किया। तीरंदाजी में महिला कंपाउंड टीम और मिश्रित कंपाउंड टीम की जीत के बाद शूटिंग में नीरू धांडा और कायनन चेनाई की जोड़ी ने ट्रैप मिक्स्ड टीम इवेंट में सोना जीतकर भारत के स्वर्ण पदकों की संख्या नौ पहुंचा दी। ताजा पदक तालिका के मुताबिक भारत के खाते में अब 9 स्वर्ण, 21 रजत और 26 कांस्य समेत कुल 56 पदक हैं। दिन की शुरुआत भारतीय तीरंदाजों के शानदार प्रदर्शन से हुई। महिला कंपाउंड टीम में ज्योति सुरेखा वेन्नम, पृथिका प्रदीप और तनिपार्थी चिकिता की भारतीय तिकड़ी ने स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इसके बाद मिश्रित कंपाउंड टीम में चिकिता और साहिल राजेश जाधव की जोड़ी ने दक्षिण कोरिया को शूट-ऑफ में हराकर भारत को एक और गोल्ड दिलाया। निर्धारित मुकाबला बराबरी पर समाप्त होने के बाद शूट-ऑफ में भारतीय जोड़ी ने बाजी मारी। इस जीत के साथ भारत ने इस स्पर्धा में ओलंपिक कोटा भी हासिल किया। इसके बाद बारी आई शूटिंग की, जहां नीरू धांडा और कायनन चेनाई ने भारत के लिए दिन का तीसरा स्वर्ण पदक जीत लिया। ट्रैप मिक्स्ड टीम के फाइनल में भारतीय जोड़ी ने कुल 34 सफल निशाने लगाए। इसके साथ ही उन्होंने नया एशियाई रिकॉर्ड कायम किया।

भारत ने 34 के स्कोर के साथ स्वर्ण, कतर ने 32 के साथ रजत और चीन ने 23 के साथ कांस्य पदक जीता। खास बात यह रही कि नीरू धांडा के लिए यह एशियन गेम्स में दूसरा स्वर्ण पदक है। इससे एक दिन पहले ही उन्होंने महिला ट्रैप के व्यक्तिगत फाइनल में 28/30 के एशियाई रिकॉर्ड स्कोर के साथ स्वर्ण पदक जीता था। अब मिश्रित टीम स्पर्धा में भी गोल्ड जीतकर नीरू ने अपने अभियान को और खास बना दिया है। मिक्स्ड ट्रैप फाइनल में भारतीय जोड़ी की शुरुआत बिल्कुल आसान नहीं रही। शुरुआती दौर में कुछ निशाने चूकने के बाद नीरू और कायनन ने जबरदस्त वापसी की और आगे के राउंड में सटीक निशाने लगाते हुए स्कोर को लगातार मजबूत किया। आखिरकार 34 सफल निशानों के साथ उन्होंने स्वर्ण पदक पर कब्जा जमा लिया। उनका प्रदर्शन पुराने एशियाई रिकॉर्ड 30 से भी बेहतर रहा। भारत के लिए 30 सितंबर का दिन सिर्फ शूटिंग और तीरंदाजी तक सीमित नहीं रहा। कई अन्य खेलों में भी भारतीय खिलाड़ी पदक की दौड़ में उतरे। महिला हॉकी टीम का दक्षिण कोरिया के खिलाफ सेमीफाइनल मुकाबला भी दिन के प्रमुख मुकाबलों में शामिल रहा। इसके अलावा कुश्ती, बॉक्सिंग, टेनिस, शूटिंग, सेलिंग, स्क्वैश और गोल्फ में भारतीय खिलाड़ियों ने अपनी चुनौती पेश की। दिन के कार्यक्रम में कई स्पर्धाओं में पदक की संभावनाएं बनी हुई थीं। बॉक्सिंग में भी भारत की नजरें पदक पर रहीं। वहीं कुश्ती में महिला 68 किलोग्राम वर्ग में निशा दहिया और ग्रीको-रोमन 87 किलोग्राम वर्ग में सुनील कुमार भारतीय चुनौती लेकर उतरे। टेनिस में सुमित नागल और दक्षिणेश्वर सुरेश ने सिंगल्स में तथा युकी भांबरी और अनिरुद्ध चंद्रशेखर ने डबल्स में मुकाबले खेले। एशियन गेम्स के इस चरण में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन लगातार चर्चा में बना हुआ है। खासकर तीरंदाजी और शूटिंग में लगातार मिल रही सफलता ने भारत के पदक अभियान को मजबूती दी है। नीरू धांडा और कायनन चेनाई का रिकॉर्डतोड़ स्वर्ण इसी सिलसिले की एक और बड़ी कड़ी बन गया है। 30 सितंबर को मिले तीन स्वर्ण के बाद भारत के खाते में कुल नौ गोल्ड पहुंच चुके हैं और 56 पदकों के साथ भारतीय दल पदक तालिका में आठवें स्थान पर है।