गैस सिलिंडर संकट: फूटा महिलाओं का गुस्सा,सड़क जाम कर किया प्रदर्शन
रुद्रपुर। ऊधम सिंह नगर जनपद के रुद्रपुर में एलपीजी गैस सिलिंडर की किल्लत को लेकर महिलाओं का गुस्सा बुधवार को सड़कों पर फूट पड़ा। कई दिनों से गैस सिलिंडर न मिलने और एजेंसियों की लापरवाही से नाराज महिलाओं ने हल्द्वानी-रामपुर रोड पर सिलिंडर रखकर जाम लगा दिया और जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन कर रही महिलाओं का आरोप है कि गैस एजेंसियां बुकिंग और भुगतान के बावजूद सिलिंडर उपलब्ध नहीं करा रही हैं। उन्होंने बताया कि वे पिछले कई दिनों से सुबह 5 बजे से लाइन में लग रही हैं, लेकिन घंटों इंतजार के बाद भी खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। महिलाओं का कहना है कि एजेंसी द्वारा न तो सही तरीके से पर्ची दी जा रही है और न ही वितरण की कोई स्पष्ट व्यवस्था है।
कई उपभोक्ताओं ने बताया कि उन्होंने ऑनलाइन बुकिंग और भुगतान पहले ही कर दिया है, लेकिन इसके बावजूद सिलिंडर नहीं मिल रहा। कुछ महिलाओं का आरोप है कि एजेंसी कर्मचारी उन्हें गोदाम भेज देते हैं, जो काफी दूर स्थित है। वहां जाने में करीब 300 रुपये का अतिरिक्त खर्च आता है, लेकिन गोदाम पहुंचने पर बताया जाता है कि स्टॉक खत्म हो चुका है। इस समस्या का असर केवल रुद्रपुर तक सीमित नहीं है, बल्कि दिनेशपुर और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के लोग भी इससे प्रभावित हो रहे हैं। दूर-दराज से आए उपभोक्ताओं को भी घंटों इंतजार के बाद निराश होकर लौटना पड़ रहा है। महिलाओं का कहना है कि उन्होंने सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी कर ली हैं, इसके बावजूद उन्हें गैस सिलिंडर नहीं दिया जा रहा है। प्रदर्शन के चलते सड़क पर लंबा जाम लग गया, जिससे यातायात भी प्रभावित हुआ। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और महिलाओं को समझाने का प्रयास किया। बाद में प्रदर्शनकारियों को गैस एजेंसी कार्यालय ले जाया गया, जहां शुरू में गेट बंद मिला। अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद कार्यालय खुलवाया गया और समस्या के समाधान का आश्वासन दिया गया। प्रशासन का कहना है कि जल्द ही सभी उपभोक्ताओं को गैस सिलिंडर उपलब्ध करा दिए जाएंगे और किसी को भी परेशान नहीं होने दिया जाएगा। हालांकि, जमीनी स्थिति इससे अलग नजर आ रही है। लोग पिछले 3 से 5 दिनों से लगातार लाइन में लग रहे हैं, फिर भी उन्हें गैस नहीं मिल रही है। इस पूरे घटनाक्रम ने प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं। गुस्साई महिलाओं ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो वे और बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगी।