चक्रवात 'अर्नब' का तांडव: ओडिशा में 300 गांव जलमग्न, आंध्र में रेल ट्रैक डूबे! मध्य प्रदेश के नौ जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
नई दिल्ली। चक्रवाती तूफान 'अर्नब' के चलते ओडिशा और आंध्र प्रदेश के तटीय अंचलों में भारी बारिश और भीषण बाढ़ से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। ओडिशा के गंजाम जिले में ऋषिकुल्या नदी के उफान पर आने से करीब 300 गांव पानी से घिर गए हैं, जहां हालात बेहद गंभीर बने हुए हैं। विकट स्थिति को देखते हुए ओडिशा सरकार ने जलमग्न इलाकों में फंसे लोगों को एयरलिफ्ट करने की तैयारी शुरू कर दी है। दूसरी ओर, आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम में रेलवे पुल जलमग्न होने से दोनों तरफ से ट्रेनों की आवाजाही ठप हो गई है। वहीं, कमजोर पड़ चुका यह चक्रवात मध्य प्रदेश तक असर दिखा रहा है, जहां 9 जिलों में भारी बारिश और तेज अंधड़ का अलर्ट जारी किया गया है। ओडिशा की मुख्य सचिव अनु गर्ग ने बताया कि गंजाम जिले के सोरड़ा, आस्का, सनाखेमुंडी और दिगपहांडी ब्लॉक बाढ़ से सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। ऋषिकुल्या नदी खतरे के निशान के पास बह रही है। एनडीआरएफ और ओडीआरएएफ की टीमें युद्धस्तर पर बचाव अभियान चला रही हैं। राहत अभियान की निगरानी के लिए गंजाम में वरिष्ठ अधिकारी तैनात किए गए हैं। मुख्य सचिव के अनुसार, पहले चरण में करीब 120 अति-प्रभावित लोगों को भारतीय तटरक्षक बल के हेलीकॉप्टरों की मदद से एयरलिफ्ट करने की योजना है, हालांकि बादलों की कम ऊंचाई और मूसलाधार बारिश बचाव कार्य में अड़चन पैदा कर रही है।
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने चक्रवात प्रभावित जिलों के कलेक्टरों के साथ टेलीकॉन्फ्रेंस कर हालात की समीक्षा की। उन्होंने बिजली आपूर्ति तत्काल बहाल करने, गिरे पेड़ों को हटाने और प्रभावित किसानों व नागरिकों को अविलंब मुआवजा देने के निर्देश दिए। सीएम ने बताया कि उत्तर आंध्र, तटीय क्षेत्रों और गोदावरी बेल्ट में चक्रवात ने धान की खड़ी फसलों और नारियल के बागानों को भारी नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने कृषि विशेषज्ञों को जलभराव वाली फसलों को बचाने के उपाय सुझाने के निर्देश दिए। श्रीकाकुलम में रेलवे पुल पानी में डूबने के कारण रोकी गई ट्रेनों के यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर ठहराने और सड़क मार्ग से निकालने की व्यवस्था की जा रही है। वहीं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी और अन्य प्रभावित राज्यों के मुख्यमंत्रियों से बात कर हरसंभव मदद का आश्वासन दिया है। सीएम माझी ने बताया कि केंद्र के सहयोग से राहत और पुनर्वास कार्यों को तेज गति से आगे बढ़ाया जाएगा। चक्रवात अर्नब कमजोर होकर छत्तीसगढ़ के जगदलपुर की ओर बढ़ गया है, लेकिन इसके असर से मध्य प्रदेश में गुरुवार को ठंडक घुल गई और भोपाल समेत कई इलाकों में बूंदाबांदी हुई। मौसम विभाग (आईएमडी) भोपाल के अनुसार, यह चक्रवात बिहार की ओर बढ़ेगा। इसके प्रभाव से पूर्वी मध्य प्रदेश के 9 जिलों सीधी, सिंगरौली, रीवा, मऊगंज, सतना, मैहर, शहडोल, उमरिया और अनूपपुर में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और भारी से बहुत भारी बारिश होने की चेतावनी जारी की गई है।