हाहाकार: हल्दिया पेट्रोकेमिकल संयंत्र में भीषण विस्फोट के बाद लगी आग, 10 से अधिक झुलसे,कई घर-दुकानें भी हुए राख
हल्दिया। पश्चिम बंगाल के औद्योगिक शहर हल्दिया से एक बेहद दर्दनाक और डराने वाली खबर सामने आई है। मंगलवार तड़के जब पूरा शहर गहरी नींद में सोया था, तभी चिरंजीपुर क्षेत्र स्थित हल्दिया पेट्रोकेमिकल संयंत्र में एक जोरदार धमाके के साथ भीषण आग लग गई। इस रोंगटे खड़े कर देने वाले हादसे में 10 से अधिक लोगों के गंभीर रूप से झुलसने की प्रारंभिक खबर है। घटना के बाद से ही पूरे इलाके में अफरा-तफरी और चीख-पुकार का माहौल है।
स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, यह दिल दहला देने वाला हादसा मंगलवार सुबह करीब 4:00 बजे हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि अचानक संयंत्र की नेफ्था गैस पाइपलाइन में एक जोरदार ब्लास्ट हुआ, जिसके बाद आसमान में काले धुएं का एक विशाल गुबार उठने लगा। देखते ही देखते कुछ ही मिनटों में आग की गगनचुंबी लपटों ने विकराल रूप धारण कर लिया। आग की विभीषिका इतनी भयानक थी कि इसकी चपेट में आने से आसपास के कई रिहाइशी घर और दुकानें भी जलकर पूरी तरह राख हो गईं। संयंत्र और उसके आसपास मौजूद लोग जब तक कुछ समझ पाते, तब तक आग ने कई लोगों को अपनी चपेट में ले लिया था। इस हादसे में अब तक 10 से अधिक लोग झुलस चुके हैं, जिन्हें स्थानीय निवासियों और प्रशासन की मदद से तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के अनुसार, झुलसे हुए लोगों में दो महिलाएं भी शामिल हैं, जिनकी स्थिति अत्यंत नाजुक बनी हुई है और वे जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही हैं। घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में एक के बाद एक कुल 9 दमकल गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। दमकल कर्मी अपनी जान जोखिम में डालकर लगातार लपटों पर काबू पाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन डेढ़ घंटे से अधिक का समय बीत जाने के बाद भी आग की तीव्रता कम होने का नाम नहीं ले रही है। इस भीषण अग्निकांड का सीधा असर यातायात व्यवस्था पर भी पड़ा है। सुरक्षा कारणों और रेल पटरियों के करीब आग फैलने की आशंका को देखते हुए 'हल्दिया-पानस्कुरा' रेल खंड पर ट्रेनों का आवागमन पूरी तरह से रोक दिया गया है, जिससे यात्रियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। शुरुआती जांच और कयासों के मुताबिक, यह आग नेफ्था गैस पाइपलाइन में अचानक हुए रिसाव के कारण फैली है। हालांकि, कड़े सुरक्षा मानकों वाले इस पेट्रोकेमिकल संयंत्र की पाइपलाइन में यह तकनीकी खराबी या रिसाव कैसे हुआ, इसकी कोई पुख्ता वजह अभी तक सामने नहीं आ सकी है। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि हमारी पहली प्राथमिकता आग पर पूरी तरह काबू पाना और घायलों को बेहतर इलाज मुहैया कराना है। घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए एक उच्च स्तरीय जांच कमेटी गठित की जा रही है, जो यह पता लगाएगी कि क्या यह महज एक हादसा था या इसके पीछे सुरक्षा मानकों की अनदेखी की गई थी। फिलहाल, पूरे हल्दिया क्षेत्र में तनाव और भारी पुलिस बल तैनात है।