रुद्रपुर में दबंगों का दुस्साहसः पत्रकार के घर में घुसकर परिवार से मारपीट! पत्नी-बच्चों को भी पीटा, जान से मारने की दी धमकी! पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा

Bullies in Rudrapur are daring: They barged into a journalist's home and assaulted his family! They also beat his wife and children and threatened to kill them! Police have filed a case.

रुद्रपुर। ऊधम सिंह नगर जिला मुख्यालय रुद्रपुर में एक पत्रकार के घर में घुसकर मारपीट, तोड़फोड़ और जान से मारने की धमकी देने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पीड़ित पत्रकार ने पड़ोसियों समेत पांच लोगों के खिलाफ पुलिस को तहरीर देकर कार्यवाही की मांग की है। घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप मचा हुआ है और पीड़ित परिवार दहशत में है। मामला ट्रांजिट कैंप थाना क्षेत्र स्थित वनखंडी नाथ कॉलोनी फेज-1 फुलसुंगा का है। फिलहाल पुलिस ने मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार वनखंडी नाथ कॉलोनी फेज-1 निवासी पत्रकार दुर्गा प्रसाद तिवारी उर्फ दुर्गेश तिवारी ने ट्रांजिट कैंप कोतवाली में दी गई तहरीर में बताया कि उन्होंने वर्ष 2023 में अपना मकान बनवाया था। वर्तमान में उनके घर पर राजमिस्त्री का कार्य चल रहा है, जिसके चलते गेट के सामने कुछ निर्माण सामग्री और रेता रखा हुआ था। आरोप है कि इसी बात को लेकर पड़ोसी पक्ष ने पुलिस में शिकायत की थी कि गाड़ी निकालने में परेशानी हो रही है। शिकायत मिलने पर ट्रांजिट कैंप पुलिस मौके पर पहुंची।

पीड़ित का आरोप है कि पुलिस की मौजूदगी में ही पड़ोस में रहने वाले नरेश रस्तोगी ने उन्हें गालियां देनी शुरू कर दीं। हालांकि पुलिसकर्मियों ने दोनों पक्षों को समझाकर मामला शांत कराया और थाने आकर बातचीत करने की बात कहकर चले गए। पीड़ित पत्रकार भी थाने पहुंचे और बातचीत के बाद अपने काम से फील्ड में समाचार संकलन के लिए चले गए। तहरीर के अनुसार दोपहर करीब 2ः40 बजे उनकी पत्नी कांती तिवारी का फोन आया। उन्होंने घबराते हुए बताया कि नरेश रस्तोगी, कुनाल, दीपू और दो अन्य लोग घर के बाहर खड़े होकर गालियां देते हुए ललकार रहे हैं और गेट खोलने के लिए धमका रहे हैं। पत्नी ने भयभीत होकर गेट नहीं खोला और तुरंत घर आने को कहा। पत्रकार करीब आधे घंटे में घर पहुंचे। आरोप है कि घर पहुंचने के लगभग 20-25 मिनट बाद आरोपित जबरन गेट खोलकर घर के अंदर घुस आए। पीड़ित का आरोप है कि पत्नी की आवाज सुनकर जैसे ही वह बाहर निकले, उससे पहले ही सभी आरोपी लॉबी तक पहुंच गए और उन पर लात-घूंसों से हमला कर दिया। इस दौरान बीच-बचाव करने आई पत्नी कांती तिवारी और आठ वर्षीय पुत्र कार्तिक तिवारी को भी थप्पड़ मारे गए। इतना ही नहीं, घटना का वीडियो बना रहे उनके पुत्र हर्ष तिवारी के साथ भी मारपीट की गई। हालांकि हर्ष ने घटना के कई वीडियो अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिए, जो अब महत्वपूर्ण साक्ष्य के रूप में सुरक्षित बताए जा रहे हैं।

मारपीट के दौरान बेटे ने तत्काल 112 नंबर पर पुलिस को सूचना दी। शोर-शराबा सुनकर मकान में रहने वाले किरायेदार लवली और अजय मौके पर पहुंचे और किसी तरह बीच-बचाव कर पत्रकार को बचाया। इसके बाद परिवार ने अंदर से कुंडी बंद कर अपनी जान बचाई। तहरीर में आरोप लगाया गया है कि आरोपित लगातार गालियां देते हुए धमकी दे रहे थे कि आज तो बच गया, अगली बार मौका मिला तो जान से मार देंगे। इधर सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची तो स्कूटी संख्या यूके 06 बीक्यू 2372 से आए दो अज्ञात युवक वहां से फरार हो गए, जबकि नरेश, कुनाल और दीपू भी मौके से भाग निकले। पीड़ित पत्रकार ने आरोप लगाया है कि उन्हें और उनके परिवार को आरोपितों से लगातार जान-माल का खतरा बना हुआ है। उन्होंने पुलिस से आरोपितों नरेश रस्तोगी, कुनाल रस्तोगी, दीपू रस्तोगी और स्कूटी से आए दो अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।