बड़ी खबरः गृहमंत्री अमित शाह का विपक्ष को चैलेंज- चर्चा के लिए तैयार, हर सवाल का जवाब दूंगा! राहुल गांधी का पलटवार- हमें लेक्चर की जरूरत नहीं...

Big News: Home Minister Amit Shah challenges the opposition—ready for a discussion, will answer every question! Rahul Gandhi hits back—we don't need a lecture...

नई दिल्ली। संसद के मॉनसून सत्र का बुधवार को 18वां दिन है और सदन की कार्यवाही एक बार फिर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी सियासी टकराव की गवाह बन सकती है। पिछले कई दिनों से संसद के भीतर और बाहर विभिन्न मुद्दों को लेकर सरकार और विपक्ष के बीच गतिरोध बना हुआ है। झारखंड में जारी छात्र प्रदर्शन, NEET पेपर लीक और जंतर-मंतर पर छात्रों के प्रदर्शन के दौरान कथित पुलिस कार्रवाई जैसे मुद्दों को लेकर विपक्ष लगातार सरकार को घेर रहा है। वहीं, सरकार का कहना है कि वह सभी मुद्दों पर चर्चा के लिए तैयार है और विपक्ष को संसद की कार्यवाही चलने देनी चाहिए। बुधवार को संसद में जस्टिस यशवंत वर्मा मामले से संबंधित जांच रिपोर्ट पेश की जानी है। इसके अलावा राज्यसभा में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह दो महत्वपूर्ण विधेयक पेश करेंगे। इनमें पहला ‘केरला (अल्टरेशन ऑफ नेम) बिल, 2026’ है, जिसका उद्देश्य केरल राज्य का आधिकारिक नाम बदलकर ‘केरलम’ करना है। दूसरा ‘द नेशनल कोऑपरेटिव डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (अमेंडमेंट) बिल, 2026’ है। इस विधेयक के जरिए राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम के कामकाज और वित्तीय व्यवस्था को और प्रभावी बनाने का प्रस्ताव है। इधर संसद में जारी गतिरोध के बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्ष के सामने चर्चा का प्रस्ताव रखा है। अमित शाह ने कहा कि सरकार हर मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है, लेकिन विपक्ष को संसद चलने देना चाहिए। उन्होंने विपक्ष से कहा कि वह दोपहर दो बजे तक लोकसभा अध्यक्ष को चर्चा के लिए पत्र दे। इसके बाद सरकार बुधवार दोपहर तीन बजे से रात तक और गुरुवार दोपहर तीन बजे तक चर्चा के लिए तैयार है। गृह मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि वह स्वयं इस चर्चा में शामिल होंगे और विपक्ष के सवालों का जवाब देंगे। उनका कहना है कि सरकार के पास छिपाने के लिए कुछ नहीं है और NEET पेपर लीक से जुड़े छात्र आंदोलन तथा उससे संबंधित तमाम सवालों पर सरकार सदन में जवाब देने के लिए तैयार है। अमित शाह ने विपक्ष पर संसद की कार्यवाही बाधित करने का आरोप लगाते हुए कहा कि जब से संसद का सत्र शुरू हुआ है, वह लगातार सदन में उपस्थित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार प्रत्येक महत्वपूर्ण विषय पर संसद में चर्चा के लिए तैयार है। अमित शाह ने कहा कि संसद में चर्चा के लिए नियम और प्रक्रिया निर्धारित है। किसी गंभीर विषय पर केवल एक बयान देकर चर्चा पूरी नहीं की जा सकती। उन्होंने कहा कि संसद में किसी भी विषय पर विस्तार से चर्चा होती है और सरकार प्रत्येक सवाल का जवाब देने के लिए तैयार है। गृह मंत्री ने यह भी कहा कि जरूरत पड़ने पर प्रश्नकाल को स्थगित करने के लिए भी सरकार तैयार है, लेकिन इसके लिए लोकसभा अध्यक्ष की अनुमति आवश्यक होगी। अब गेंद विपक्ष के पाले में है कि वह सरकार के प्रस्ताव को स्वीकार कर चर्चा में शामिल होता है या संसद में विरोध जारी रखता है।

राहुल गांधी का अमित शाह पर पलटवार
अमित शाह के बयान के बाद नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि युवाओं को भाषण या लेक्चर नहीं चाहिए, बल्कि उनके सवालों के जवाब चाहिए। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि छात्रों के आंदोलन के दौरान पुलिस की कार्रवाई को लेकर सरकार को जवाब देना चाहिए। राहुल गांधी ने कहा कि अगर छात्रों पर पैलेट गन चलाने का आदेश अमित शाह ने दिया था तो उन्हें इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि छात्रों के खिलाफ गोली चलाने का आदेश किसने दिया? किसके आदेश पर एक छात्र की आंखों की रोशनी चली गई और दूसरे छात्र को गोली लगी? राहुल गांधी ने छात्रों के खिलाफ कथित तौर पर कीलों वाली लाठियों के इस्तेमाल को लेकर भी सरकार से जवाब मांगा। राहुल गांधी ने कहा कि देश की युवा पीढ़ी सरकार के भाषण सुनने में दिलचस्पी नहीं रखती। वह अपने भविष्य, रोजगार और शिक्षा व्यवस्था को लेकर जवाब चाहती है। उन्होंने NEET पेपर लीक और छात्र आंदोलन को लेकर सरकार की जवाबदेही पर सवाल खड़े किए।