तेलंगाना में दर्दनाक हादसा: पोचमपल्ली की फार्मा कंपनी में विस्फोट,दो कर्मचारियों की मौत,कई घायल
भुवनगिरि। तेलंगाना के यदाद्री भुवनगिरि जिले के पोचमपल्ली मंडल से एक बेहद दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है। शुक्रवार देर रात 'हेजेलो लैब प्राइवेट लिमिटेड' नामक फार्मा कंपनी में एक रासायनिक रिएक्टर अचानक धमाके के साथ फट गया। इस भीषण विस्फोट में कंपनी के दो कर्मचारियों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि कई अन्य मजदूर घायल हो गए। हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
तेलंगाना के यदाद्री भुवनगिरि जिले में शुक्रवार देर रात एक फार्मा कंपनी में रिएक्टर फटने से बड़ा हादसा हो गया। पोचमपल्ली मंडल स्थित हेजेलो लैब प्राइवेट लिमिटेड में हुए विस्फोट के बाद कंपनी की इकाई में आग लग गई। हादसे में दो कर्मचारियों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल बताए जा रहे हैं। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। अधिकारियों के अनुसार रिएक्टर में अचानक जोरदार धमाका हुआ। इसके बाद प्लांट के एक हिस्से में आग की लपटें उठने लगीं। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हादसे में घायल दो मजदूरों को गंभीर हालत में उपचार के लिए हैदराबाद भेजा गया था, जहां इलाज के दौरान दोनों की मौत हो गई। मृतकों की पहचान राजशेखर (38) और नागराजू के रूप में हुई है। राजशेखर सूर्यपेट जिले के माधवपुरम गांव के रहने वाले थे। हादसे में घायल अन्य कर्मचारियों का भी इलाज कराया जा रहा है। हालांकि, घायलों की सटीक संख्या और उनकी स्थिति के बारे में अधिकारियों की ओर से विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है। स्थानीय लोगों के मुताबिक देर रात अचानक जोरदार धमाके की आवाज सुनाई दी। आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के लोग घरों से बाहर निकल आए। बाहर आने पर उन्होंने कंपनी परिसर से आग की ऊंची लपटें उठती देखीं। इसके बाद तत्काल पुलिस और दमकल विभाग को सूचना दी गई। फिलहाल रिएक्टर में विस्फोट की वास्तविक वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। अधिकारियों ने घटना की जांच शुरू कर दी है। सुरक्षा मानकों और प्लांट में कामकाज से जुड़े पहलुओं की भी जांच की जा रही है। हादसे के बाद स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है। लोगों के मुताबिक तीन महीने के भीतर कंपनी में इस तरह की यह दूसरी दुर्घटना है। लगातार हो रही घटनाओं ने प्लांट की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन का कहना है कि जांच के बाद ही विस्फोट के कारणों और जिम्मेदारी से जुड़े तथ्य स्पष्ट होंगे।