नैनीतालः नंदा देवी महोत्सव की तैयारियां पूरी! निभाई जाएंगी सदियों पुरानी परंपराएं, मां नंदा-सुनंदा के जयकारों से गूंजेगी सरोवर नगरी
नैनीताल। नैनीताल में 16 सितंबर से शुरू होने वाले आठ दिवसीय नंदा देवी महोत्सव की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। श्री राम सेवक सभा की ओर से आयोजित इस महोत्सव में धार्मिक अनुष्ठानों के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे। 23 सितंबर को मां नंदा-सुनंदा के डोले के नगर भ्रमण के साथ महोत्सव का समापन होगा। आगामी 16 सितंबर कदली वृक्ष लाने के लिए दाल मंगली पहुंचेगी, तदोपरांत 17 सितंबर को मंगोली से कदली वृक्ष लाने की परंपरा के साथ होगी। सूखाताल और तल्लीताल वैष्णव देवी मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद कदली वृक्ष का नगर भ्रमण कराया जाएगा। 18 सितंबर को मां नंदा-सुनंदा की मूर्तियों का निर्माण होगा, जबकि 19 सितंबर को नंदा अष्टमी के अवसर पर ब्रह्म मुहूर्त में प्राण-प्रतिष्ठा की जाएगी। इसके बाद श्रद्धालु मां के दर्शन और पूजा-अर्चना कर सकेंगे। 19 से 22 सितंबर तक पंचआरती, प्रसाद वितरण और देवी पूजन की परंपरा निभाई जाएगी। राम सेवक सभा प्रांगण और तल्लीताल डांट में सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे, जिनमें स्कूली बच्चों की प्रस्तुतियों के साथ छोलिया दल, अखाड़े, झोड़ा और स्थानीय कलाकार आकर्षण का केंद्र रहेंगे। 21 सितंबर को डीएसए मैदान में महाभंडारा, 22 सितंबर को सुंदरकांड, नंदा चालीसा पाठ और नैनी झील में दीपदान का कार्यक्रम होगा। वहीं 23 सितंबर को मां नंदा-सुनंदा का डोला नगर भ्रमण पर निकलेगा और ग्वेल्ज्यू मंदिर के समीप विसर्जन के साथ महोत्सव का समापन होगा। मेले के दौरान कुमाऊं की संस्कृति के साथ पारम्परिक वेशभूषा में झांकियां निकाली जाएगी। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए मंदिर प्रांगण में पुलिस कर्मचारियों के साथ कमेटी की तरफ से वालंटियर नियुक्त किए जायेंगे। मेले के दौरान मनचलों पर निगरानी रखने के लिए मेला परिसर में सीसीटीवी कैमरों से कड़ी नजर रखी जाएगी।