Oct 23, 2026 Login
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शर्मसार हुई इंसानियतः उत्तराखण्ड में लावारिस हालत में मिलीं दो बच्चियां! कूड़े के ढेर में 7 दिन की नवजात को देख छलके लोगों के आंसू, सड़क पर बेसहारा भटकती मिली एक साल की डरी-सहमी बच्ची

Humanity shamed: Two young girls found abandoned in Uttarakhand! People were moved to tears upon discovering a 7-day-old newborn in a pile of trash, while a frightened, one-year-old child was found w

हरिद्वार। हरिद्वार में मानवीय संवेदनाओं को झकझोर देने वाली घटनाएं सामने आई हैं। चंद घंटों के भीतर शहर के दो अलग-अलग इलाकों में दो मासूम बच्चियों को बेसहारा लावारिस छोड़ दिया गया। एक मामले में जहां सात दिन की नवजात को कूड़े के ढेर में फेंक दिया गया, वहीं दूसरे मामले में करीब एक साल की बच्ची सड़क किनारे लावारिस हालत में मिली। पुलिस और चाइल्ड हेल्पलाइन की तत्परता से दोनों बच्चियों को सुरक्षित बचाकर अस्पताल पहुंचाया गया है, जहां उनका स्वास्थ्य सामान्य बताया जा रहा है। पहला मामला रानीपुर कोतवाली क्षेत्र के भगत सिंह चौक के पास सामने आया। रोजमर्रा की तरह आवाजाही कर रहे राहगीरों को सड़क किनारे लगे कचरे के ढेर से किसी नवजात के रोने की मद्धम आवाज सुनाई दी। जब लोगों ने पास जाकर देखा, तो वहां लावारिस पड़ी महज सात दिन की नन्हीं बच्ची मिली। नवजात को इस तरह कचरे के ढेर में लाचार देखकर मौके पर लोगों का हुजूम जुट गया और स्थानीय नागरिकों में भारी आक्रोश फैल गया। इसी दौरान समाजसेवी वंदना गुप्ता ने इंसानियत की मिसाल पेश करते हुए बच्ची को गोद में उठाया और तुरंत पुलिस व प्रशासन को सूचना दी। सूचना मिलते ही रानीपुर पुलिस और चाइल्ड हेल्पलाइन की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची। 108 एंबुलेंस के जरिए बच्ची को तत्काल जिला महिला अस्पताल ले जाया गया, जहां बाल रोग विशेषज्ञों की निगरानी में उसका उपचार शुरू किया गया। डॉक्टरों के अनुसार, समय रहते अस्पताल पहुंचने के कारण नवजात की हालत स्थिर है। अभी रानीपुर की घटना की चर्चा थमी भी नहीं थी कि नगर कोतवाली क्षेत्र से दूसरा मामला सामने आ गया। मुख्य पोस्ट ऑफिस के पास सड़क किनारे करीब एक साल की बच्ची लावारिस अवस्था में घूमती पाई गई। बच्ची को अकेला और डरा-सहमा देख स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचित किया। चाइल्ड हेल्पलाइन और पुलिस की टीम ने मौके पर पहुंचकर बच्ची को अपनी सुरक्षा में लिया और चिकित्सीय परीक्षण के लिए अस्पताल भिजवाया। एसपी सिटी दीपक सिंह ने बताया कि दोनों ही मामलों को बेहद गंभीरता से लिया जा रहा है। नवजात बच्ची को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां डॉक्टर उसकी देखरेख कर रहे हैं। वहीं, एक साल की बच्ची चाइल्ड हेल्पलाइन की निगरानी में सुरक्षित है। घटनास्थल और आसपास के इलाकों के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि बच्चियों को छोड़ने वालों की पहचान की जा सके।