नैनीताल के प्रतिष्ठित बोट हाउस क्लब में पूर्व प्रबंधन समिति के कार्यकाल के दौरान कथित अनियमितताओं को लेकर विवाद गहराने लगा है। क्लब के पूर्व पदाधिकारियों और सदस्यों ने पूर्व प्रबंधन समिति पर नियमों की अनदेखी कर सदस्यता देने और मनमाने फैसले लेने के आरोप लगाते हुए आगामी चुनाव के बहिष्कार की घोषणा की है।
इस संबंध में क्लब के पूर्व डायरेक्टर पंकज जायसवाल, शादाब अहमद, बलजीत सिंह बंटी समेत अन्य सदस्यों ने प्रेस वार्ता कर अपनी आपत्ति दर्ज कराई। उन्होंने कुमाऊं मंडल आयुक्त एवं बोट हाउस क्लब के अध्यक्ष को ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
प्रेस वार्ता में सदस्यों ने आरोप लगाया कि पिछले वर्ष की प्रबंधन समिति ने अपने कार्यकाल में क्लब के निर्धारित नियमों को दरकिनार कर कुछ अपात्र व्यक्तियों को निर्धारित सदस्यता शुल्क से कम धनराशि लेकर सदस्यता प्रदान की। उनका कहना है कि इस तरह के फैसलों से क्लब की पारदर्शिता, प्रतिष्ठा और पुराने सदस्यों के हित प्रभावित हुए हैं।
ज्ञापन में पूर्व प्रबंधन समिति के कार्यकाल में लिए गए सदस्यता संबंधी फैसलों और कथित अनियमितताओं की जांच कराने की मांग की गई है। सदस्यों ने यह भी मांग उठाई है कि जांच में दोषी पाए जाने वाले पूर्व पदाधिकारियों और समिति के सदस्यों को भविष्य में क्लब का चुनाव लड़ने से स्थायी रूप से प्रतिबंधित किया जाए। इसके साथ ही नियमानुसार उन्हें ब्लैकलिस्ट करने की मांग भी की गई है।
सदस्यों का कहना है कि आगामी चुनाव के परिणाम घोषित होने से पहले जांच और आवश्यक कार्रवाई पूरी होनी चाहिए, ताकि बाद में चुनाव की वैधता को लेकर कोई विवाद खड़ा न हो। इसी मांग को लेकर उन्होंने आगामी बोट हाउस क्लब चुनाव का बहिष्कार करने का फैसला लिया है।
सदस्यों ने स्पष्ट किया कि उनका विरोध क्लब की गरिमा, पारदर्शिता और पुराने सदस्यों के अधिकारों की रक्षा के लिए है।






