दूरदर्शन का चित्रहार, चंद्रकांता,हमलोग, रामायण, महाभारत याद है आपको? 25 अप्रैल के दिन ही आपका फेवरेट रह चुका दूरदर्शन हुआ था रंगीन! पढ़िए ये दिलचस्प जानकारी

दूरदर्शन से ज़्यादातर हर किसी का एक बड़ा ही प्यार इतिहास जुड़ा हुआ है। बचपन की यादें अगर आपको याद हो तो छत पर जाकर एंटीना ठीक करके टीवी की स्क्रीन साफ हो जाने की याद लगभग हर किसी को होगी। एक छत पर जाता तो दूसरा टीवी के आगे खड़े होकर बताता कि अभी साफ नही आया थोड़ा दाएं घुमा,अरे आया था साफ फिर झिलमिल आने लगी,अब बाएं ही घुमा। याद आया?

रविवार को सुबह की शुरुआत चित्रहार से फिर चंद्रकांता,विक्रम बेताल,रामायण, महाभारत, स्टोन बॉय,हमलोग,बेताल पच्चीसी,हीमैन, जैसे तमाम धारावाहिक हमारी यादों में है। रामायण और महाभारत देखने के लिए तो लोग घण्टो इंतज़ार करते थे। और सुबह चंद्रकांता का टाइटल सांग हर बच्चे की ज़ुबान पर हुआ करता था।


क्या आपको पता है आज का दिन दूरदर्शन के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। जी हां ! आज के दिन यानी 25 अप्रैल 1982 को दूरदर्शन ब्लैक एंड व्हाइट से रंगीन हो गया था। ये बात बहुत कम लोग जानते है कि सन 1982 के बाद दूरदर्शन का लोगो सहित दूरदर्शन में ऑन एयर होने वाले सभी प्रोग्राम रंगीन हो गए थे।

25 अप्रैल 1982 दूरदर्शन के इतिहास में एक बहुत बड़ा परिवर्तन लेकर आया था। आज चैनलों की बाढ़ आ चुकी है। एक दो नही बल्कि हज़ारो प्रोग्राम टीवी स्क्रीन पर आपको दिखाई देंगे। लेकिन दूरदर्शन के वक्त बेसब्री से प्रोग्राम का इंतजार किया जाता है। बच्चों को खेलने के लिए बहुत टाइम मिलता था आज बच्चे स्कूल के बाद या तो टीवी से चिपके रहते है या मोबाइल के गेम्स खेलते नज़र आते है। ब्लैक एंड व्हाइट हो या रंगीन उस वक्त के दूरदर्शन के पीरियड में बचपन जीवंत था आज ढेरो रंगीन चैनलों के बीच वो बचपन कही खो सा गया है।